एक करोड़ में नीलाम हुई एन फ्रेंक की कविता
(India)
जर्मन यहूदी बच्ची एन फ्रैंक की लिखी हुई एक आठ लाइन की कविता एक करोड़ में नीलाम हुई है। इस कविता की खास बात यह थी कि इस पर एन फ्रैंक ने अपने हस्ताक्षर किए थे। एन फ्रैंक द्वारा यह कविता 28 मार्च 1942 को नाजियों द्वारा मारे जाने से चार महीने पहले लिखी गई थी। एन फ्रैंक ने स्कूल में यह कविता अपनी एक प्रिय दोस्त जैकलीन की छोटी बहन को संबोधित करते हुए यह लिखा था। स्कूल में लिखी उनकी कविता को एक ऑनलाइन नीलामी में बेचा गया इसके खरीदार का नाम उजागर नहीं किया गया है। एम्सटर्डम स्थित एक नीलामी घर बब किपर ने कहा कि पत्र की नीलामी राशी उनके अनुमान से तीन गुना है। नीलामीघर ने कविता की नीलामी राशि 21 से 35 लाख के बीच रखा था। गौरतलब है कि एन फ्रैंक एक जर्मन यहूदी बच्ची थी। उनका जन्म जर्मनी के फ्रैंकफर्ट में 1929 में हुआ था। द्वितीय विश्व युद्ध के समय फ्रैंक और उनके पूरे परिवार को एमस्टर्डम के कैनाल हॉउस में मौत के घाट उतार दिया गया। नाजियों पर लिखे उनके खत दुनियाभर में काफी प्रसिद्ध हैं और अब तक किताब के रूप में इनकी कई प्रतियां बिक चुकी हैं।

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