गुरु-शिष्यों की कला के कई रंग देखने को मिले
(India) जवाहरकला केंद्र के मंच पर गुरु-शिष्यों की कला के कई रंग देखने को मिले। मौका था जयपुर कथक केंद्र की ओर से आयोजित जयपुर घराना नृत्य शैली के प्रमुख नृत्य गुरुओं और उनकी शिष्य मंडली के कार्यक्रमों का। इसमें गिरधारी महाराज, शशि सांखला, रेखा ठाकर और राजकुमार जबड़ा ने मंच से अपने शिष्यों को कथक में अपनी नृत्य शैली की बानगी बताते हुए उनसे उसी अंदाज में नृत्य करवाया तो ऑडिटोरियम तालियों से गूंज उठा। कार्यक्रम की शुरुआत गणेश वंदना पर आधारित नृत्य से हुई।
राजकुमारजबड़ा और शिष्य मंडली
पहलीप्रस्तुति के रूप में राजकुमार जबड़ा मंच पर आए। उन्होंने जयपुर घराने की अपनी परंपरागत कथक नृत्य शैली को दिखाया। उसके बाद उनके पुत्र और शिष्याओं ने जयपुर घराने की खास पहचान चक्कर एवं फुटवर्क को विभिन्न बंदिशों के जरिए दर्शाया।

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