(DELHI, India)
उच्च न्यायालय ने 28 अगस्त को मामले में उन्हें 3 सितंबर तक के लिए जमानत दे दी थी और सुनवाई इसी तारीख तक के लिए स्थगित कर दी थी। जिला अपराध शाखा और भूमि कब्जा रोधी विशेष प्रकोष्ठ ने द्रमुक प्रमुख अलागिरि के खिलाफ मामला दायर किया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि अलागिरि ने धोखाधड़ी के उद्देश्य से झूठे दस्तावेज तैयार किए थे और उनके नेतृत्व वाले ट्रस्ट द्वारा शिवारकोट्टई के पास संचालित द्हया इंजीनियरिंग कालेज के लिए विनयगर मंदिर की 44 एकड़ भूमि पर कब्जा कर लिया गया।
Digital Desk: Shiv Kishor
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