पीएम मोदी ने किसानों को दी 24वीं किस्त की सौगात, बोले- अन्नदाता विकसित भारत के मजबूत स्तंभ
(India) पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि साल 2001 में मुख्यमंत्री बनने के बाद उनका पहला बड़ा कार्यक्रम 'कल्याण मेला' था। इस कार्यक्रम के माध्यम से मातृशक्ति, बच्चों, किसानों और पशुपालकों के लिए अनेक परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया गया था।

प्रधानमंत्री ने पीएम किसान सम्मान निधि की नई किस्त जारी होने पर देशभर के किसानों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि हमारे किसान और अन्नदाता विकसित भारत के सबसे मजबूत स्तंभों में से एक हैं। हमारी सरकार ने किसानों के कल्याण और उन्हें सशक्त बनाने को प्राथमिकता दी है।

2013-14 की तुलना में पांच गुना से अधिक हुआ कृषि बजट

पीएम मोदी ने साल 2013-14 की तुलना करते हुए कहा कि देश का कृषि बजट अब पांच गुना से अधिक हो गया है। उन्होंने पीएम किसान सम्मान निधि योजना का जिक्र करते हुए कहा कि यह योजना करोड़ों छोटे किसानों के जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गई है।

प्रधानमंत्री ने बताया कि आज करीब 10 करोड़ से अधिक किसानों के बैंक खातों में 18 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि भेजी गई है। वहीं, गुजरात के 50 लाख से अधिक किसानों को भी इस किस्त का लाभ मिला है। इन किसानों के खातों में एक हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि जमा हुई है।

पीएम मोदी ने कहा कि बीते वर्षों में बीजेपी सरकार की नीतियों के कारण किसानों को 50 हजार करोड़ रुपये से अधिक का लाभ मिला है।

पीएम किसान सम्मान निधि से छोटे किसानों को मिली आर्थिक मदद

प्रधानमंत्री मोदी ने किसानों के कल्याण के लिए सरकार की पांच योजनाओं का जिक्र किया। इनमें पीएम किसान सम्मान निधि योजना का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत अब तक करीब साढ़े चार लाख करोड़ रुपये सीधे छोटे किसानों के बैंक खातों में पहुंचाए जा चुके हैं।

उन्होंने कहा कि आजादी के बाद लंबे समय तक छोटे किसानों की समस्याओं पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया, जबकि देश में छोटे किसानों की संख्या 85 प्रतिशत से भी अधिक है। हमारी सरकार ने छोटे किसानों की जरूरतों को समझते हुए उनके कल्याण की चिंता की और पीएम किसान सम्मान निधि योजना के माध्यम से उन्हें आर्थिक सहायता पहुंचाई।
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