पांच भारतीय मछुआरों के खिलाफ मामला थोपा गया: करुणानिधि
(TAMILNADU, India) करुणानिधि ने आज केंद्र से इस मामले को श्रीलंका के समक्ष उठाने का आग्रह किया ताकि इनकी रिहाई का मार्ग प्रशस्त हो सके। द्रमुक अध्यक्ष ने कहा कि भारत ने पहले ही स्पष्ट कर दिया है कि वह इन्हें दोषी नहीं मानता है और इसलिए वह इनकी रिहाई के लिए सभी कानूनी एवं राजनयिक कदम उठायेगा। करुणानिधि ने अपने बयान में कहा कि चूंकी मछुआरों को उच्चतम न्यायालय में अपील करने के लिए 14 नवंबर तक का समय दिया गया है, केंद्र को तत्काल श्रीलंका की सरकार से सम्पर्क करना चाहिए और दोषी करार दिये गए मछुआरों की रिहाई का मार्ग प्रशस्त करना चाहिए। उन्होंने कहा कि इन पांचों मछुआरों को मादक पदार्थ की तस्करी के आरोप में 2011 में गिरफ्तार किया गया था और राज्य की क्यू शाखा पुलिस और खुफिया विभाग ने रिपोर्ट सौंपी थी कि पांचों के खिलाफ मामला थोपा गया था। करूणानिधि ने कहा कि उनकी पुत्री और राज्यसभा सांसद कनिमोई ने तब संप्रग सरकार के समय में इस विषय को उच्च सदन में उठाया था और तत्कालीन विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने इन बारे में कदम उठाने का भरोसा दिया था।

Digital Desk: Shiv Kishor

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।