पिछले हफ्ते भी दिग्विजय के एक ट्वीट पर काफ़ी बवाल मचा था. मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने पिछले हफ्ते मंगलवार को सिंहस्थ के भ्रष्टाचार को लेकर एक ट्वीट किया था जिसमें विधानसभा में इसे कांग्रेस विधायकों से अच्छे से उठाने की बात कही गई थी.
इस ट्वीट को आधार बनाते हुए संसदीय कार्यमंत्री डॉक्टर नरोत्तम मिश्रा ने विधानसभा में शून्यकाल में व्यवस्था का प्रश्न उठाया था जिसमें कहा था कि किसी भी बाहरी व्यक्ति द्वारा सदन के सदस्यों को इस तरह निर्देशित नहीं किया जा सकता है.
Digital Desk: Manish Patwa
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