30 दिसंबर आने वाला है लेकिन हालात जस के तस-राहुल
(India)
दिल्ली के कंस्टीट्यूशन क्लब में कांग्रेस की अध्यक्षता में बुलाई गई विपक्षी दलों की बैठक में आरजेडी और टीएमसी शामिल हुए। इस बैठक के बाद कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने नोटबंदी को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा। एएनआई के मुताबिक राहुल ने कहा कि पीएम ऐसा शख्स होना चाहिए जो आरोप लगने पर जांच के लिए तैयार रहे। डायरी मामले में शीला दीक्षित जांच के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा कि 30 दिसंबर आने वाला है लेकिन हालात जस के तस हैं। नोटबंदी पूरी तरह से विफल योजना रही। कांग्रेस उपाध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री को देश को जवाब देना चाहिए नोटबंदी लागू करने के पीछे असली उद्देश्य क्या था। उन्होंने यह कदम किसके लिए उठाया और इससे कौन प्रभावित हुआ। उन्होंने कहा कि 8 नवंबर को प्रधानमंत्री ने नोटबंदी का फैसला लिया। यह भ्रष्टाचार के खिलाफ कदम बताया गया लेकिन इससे एक ब्लैक मार्केट तैयार हो गया है। इससे किसान और छोटे दुकानदार को चोट पहुंची है। इसके बाद से देश में बेरोजगारी बढ़ गई है। पीएम मोदी ने कहा था कि नोटबंदी का फैसला आतंकवाद को खत्म करने के लिए लिया गया लेकिन इसके कुछ दिनों बाद ही आतंकी मारे गए और उनके पास से 2000 रुपये के नए नोट मिले। फिर कहा गया कि इससे कालेधन पर रोक लगेगी लेकिन उसपर भी कोई असर नहीं पड़ा। वहीं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि सभी विपक्षी पार्टियां एक न्यूनतम साझा कार्यक्रम के तहत काम करेगा। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने कहा था कि अच्छे दिन आएंगे क्या ये अच्छे दिन का नमूना है? इन 40 दिनों में देश 20 साल पीछे चला गया है। कैशलैस के नाम पर मोदी सरकार बेसलैस हो गई है। टोटल फेस लेस हो गया। नोटबंदी एक मेगा स्कैम है और आजादी के बाद यह सबसे बड़ा घोटाला है। अच्छे दिनों के नाम पर गरीब, मजदूर और किसानों को लूटा गया है।

Digital Desk: Kamal

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।