उन्होंने संसद में कहा कि इस बिल में वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन और उनके वितरण को लेकर कई गंभीर समस्याएं हैं। उनका आरोप था कि इस बिल के जरिए मुस्लिमों के धार्मिक अधिकारों और उनके वक्फ संपत्तियों पर सरकार का नियंत्रण बढ़ाने की कोशिश की जा रही है।
इस पर विवादित प्रतिक्रिया देते हुए ओवैसी ने बिल को फाड़कर अपनी असहमति जाहिर की और इसे मुस्लिम समुदाय के खिलाफ एक "कानूनी दमन" के रूप में देखा। उनका यह कदम चर्चा का विषय बन गया, और यह राजनीतिक रूप से भी एक बड़ा बयान माना गया।
Author: JAN TV Editorial Team
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