Oval Test से पहले गौतम गंभीर और पिच क्यूरेटर के बीच तीखी बहस, टीम इंडिया की प्लेइंग-11 पर मंथन जारी
(India) भारत और इंग्लैंड के बीच चल रही टेस्ट सीरीज का आखिरी मुकाबला 31 जुलाई से द ओवल में खेला जाएगा, लेकिन मैच से पहले भारतीय टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर और पिच क्यूरेटर ली फोर्टिस के बीच तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में देखा जा सकता है कि गंभीर और क्यूरेटर के बीच तीखी बहस हो रही है, जिसमें गंभीर हाथ के इशारों से उन्हें हटने का संकेत देते नजर आते हैं। इस विवाद के दौरान बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने स्थिति संभालने की कोशिश की और बाद में सरे काउंटी के मीडिया मैनेजर एडम को पूरे मामले की जानकारी भी दी। फिलहाल इस बहस की असली वजह सामने नहीं आई है, लेकिन टीम इंडिया के सुरक्षा प्रमुख को भी इस मामले में हस्तक्षेप करना पड़ा।
वहीं, भारतीय टीम अब भी आदर्श प्लेइंग-11 को लेकर उलझन में है। गेंदबाजी और बल्लेबाजी संयोजन को लेकर प्रबंधन विचार कर रहा है, जहां एक विशेषज्ञ गेंदबाज को बाहर बैठाकर बल्लेबाजी में गहराई लाने की योजना पर चर्चा हो रही है। सूत्रों के मुताबिक, शार्दुल ठाकुर को आराम दिया जा सकता है और उनकी जगह कुलदीप यादव को अंतिम एकादश में शामिल किया जा सकता है। इसके अलावा, पहले टेस्ट में प्रभावहीन रहे अंशुल कंबोज की जगह फिट होकर वापसी कर चुके आकाशदीप या प्रसिद्ध कृष्णा को मौका मिल सकता है।
संभावित प्लेइंग-11 की बात करें तो उसमें शुभमन गिल कप्तानी करते नजर आ सकते हैं, जबकि उनके साथ यशस्वी जायसवाल, केएल राहुल, साई सुदर्शन, और विकेटकीपर ध्रुव जुरेल शामिल हो सकते हैं। ऑलराउंडर के तौर पर रवींद्र जडेजा और वॉशिंगटन सुंदर टीम को संतुलन देंगे। गेंदबाजी विभाग में कुलदीप यादव के साथ आकाशदीप, अर्शदीप सिंह, मोहम्मद सिराज या प्रसिद्ध कृष्णा जैसे विकल्पों पर विचार किया जा रहा है।
यह टेस्ट मैच भारत के लिए न केवल सीरीज को बराबरी पर खत्म करने का मौका होगा, बल्कि युवा खिलाड़ियों के प्रदर्शन को परखने का आखिरी मंच भी साबित हो सकता है।

Author: JAN TV Editorial Team

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।