यूपी में 1,111 संपर्क मार्गों की मरम्मत के लिए 477 करोड़ रुपये जारी, 1,714 किमी सड़कें होंगी गड्ढामुक्त
(Lucknow, Lucknow) उत्तर प्रदेश में किसानों और ग्रामीण आबादी को बेहतर सड़क सुविधा देने के लिए योगी सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद ने प्रदेश के 18 मंडलों में 1,111 संपर्क मार्गों की मरम्मत और सुदृढ़ीकरण के लिए करीब 477 करोड़ रुपये का बजट जारी किया है। इन सड़कों की कुल लंबाई लगभग 1,714 किलोमीटर है। सरकार की इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन को सुगम बनाना और किसानों को अपनी उपज कृषि मंडियों तक पहुंचाने में सुविधा देना है।

मंडी परिषद के अनुसार, संपर्क मार्गों की मरम्मत से कृषि उपज से लदे वाहनों की आवाजाही बेहतर होगी। खराब सड़कों के कारण परिवहन में आने वाली कठिनाइयां कम होंगी और किसानों को उपज की ढुलाई में राहत मिलेगी।

अब बात करते हैं मंडलवार आंकड़ों की।

कानपुर मंडल** में सबसे ज्यादा 158 संपर्क मार्गों की मरम्मत और सुदृढ़ीकरण के लिए 50 करोड़ 66 लाख रुपये जारी किए गए हैं। इन मार्गों की कुल लंबाई 235.39 किलोमीटर है।

बरेली मंडल** में 156 संपर्क मार्गों के लिए 74 करोड़ 86 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। यहां 225.15 किलोमीटर लंबाई की सड़कों पर काम कराया जाएगा। बजट के लिहाज से बरेली मंडल को सबसे अधिक धनराशि मिली है।

लखनऊ मंडल** में 129 संपर्क मार्गों के लिए 72 करोड़ 60 लाख रुपये जारी किए गए हैं। इन सड़कों की कुल लंबाई 215.40 किलोमीटर है।

झांसी मंडल में 77 संपर्क मार्गों की मरम्मत के लिए 44 करोड़ 11 लाख रुपये जारी किए गए हैं।

आगरा मंडल में 100 संपर्क मार्गों के लिए 35 करोड़ 89 लाख रुपये का बजट जारी किया गया है।

वहीं, **प्रयागराज मंडल में 83 संपर्क मार्गों की मरम्मत और सुदृढ़ीकरण के लिए 34 करोड़ 73 लाख रुपये जारी किए गए हैं।

इसके अलावा **अयोध्या, अलीगढ़, मिर्जापुर समेत प्रदेश के अन्य मंडलों** में भी स्वीकृत संपर्क मार्गों की मरम्मत और सुदृढ़ीकरण कराया जाएगा। मंडी परिषद के उपलब्ध विवरण में इन मंडलों की अलग-अलग सड़क संख्या और बजट का पूरा ब्योरा नहीं दिया गया है।

सड़क निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और समयसीमा पर नजर रखने के लिए मंडी परिषद ने संबंधित जिलाधिकारियों से नियमित समीक्षा करने की अपेक्षा की है। मंडी परिषद के उपनिदेशक निर्माण, उपनिदेशक प्रशासन और मंडी सचिव जिलाधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्यों की प्रगति सुनिश्चित करेंगे।

निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और समयबद्ध पूर्णता की निगरानी उपनिदेशक निर्माण करेंगे। इसके साथ ही जिलाधिकारियों की ओर से गठित जनपद स्तरीय समितियां भी निगरानी में सहयोग करेंगी। संबंधित जिलाधिकारी समय-समय पर निर्माण कार्यों की जांच कराएंगे।

मंडी परिषद के निदेशक जितेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार सड़कों को गड्ढामुक्त रखने और उनके सुदृढ़ीकरण को प्राथमिकता दे रही है। इसी क्रम में मंडी परिषद संपर्क मार्गों की मरम्मत के कार्यों को गति दे रही है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। सभी कार्य निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुरूप और समयबद्ध तरीके से पूरे कराए जाएंगे।

कुल मिलाकर, 477 करोड़ रुपये की इस व्यवस्था के तहत प्रदेश के 18 मंडलों में 1,111 संपर्क मार्गों पर काम कराया जाना है। इससे किसानों को मंडियों तक अपनी उपज पहुंचाने में सुविधा मिलने और ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन बेहतर होने की उम्मीद है।

Author: JAN TV Editorial Team

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।