इंडिया रैंकिंग्स 2017 टॉप पर IISc बेंगलुरु जेएनयू छठे नंबर पर
(DELHI, DELHI) मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने सोमवार को उच्च शिक्षण संस्थानों की रेंकिग जारी की है। इसके तहत विभिन्न श्रेणियों में टॉप 100 संस्थानों की रेंकिग जारी की गई है। एक रेंक सभी किस्म (ओवरऑल) के संस्थानों का है। जबकि पांच अन्य रेंक विश्वविद्यालयों इंजीनियरिंग कालेजों, प्रबंधन कालेजों, फार्मेसी कालेजों तथा डिग्री कालेजों के हैं। ओवरऑल रेंकिग इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस बेंगलुरु (IISC) पहले स्थान पर रहा है। जबकि जेएनयू छठे स्थान पर रहा है। लेकिन विश्वविद्यालयों की रेंकिग में जेएनयू दूसरे स्थान पर रहा है।

उच्च शिक्षण संस्थानों की यह दूसरी रेंकिग है। पिछले साल जारी विश्वविद्यालयों की रेंकिग में इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस पहले पायदान पर रहा था। जबकि जेएनयू तीसरे पायदान पर था। इस बार विश्वविद्यालयों के अलावा एक ओवरऑल रेंक जारी किया है। इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस ओवरहाल रेंक में और विवि रेंक में नंबर-1 रहा है। हालांकि विश्वविद्यालयों की अलग से जारी रेंकिग में जेएनयू दूसरे नंबर पर रहा है। यदि पिछले साल से तुलना करें तो जेएनयू का ओवरऑल रेंक तीसरा और विवि का रेंक नंबर-1 बनता है। इस बार इसमें थोड़ा बदलाव आया है। फिर भी जेएनयू टॉप थ्री में स्थान पाने में कामयाब रहा है।

मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने इंडिया रेंकिग 2017 जारी करते हुए कहा कि टॉप टेन में स्थान पाने वाले संस्थानों को आगामी दस अप्रैल को एक समारोह में सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस बार रेंकिग प्रक्रिया में 3319 संस्थानों ने हिस्सा लिया। डिग्री कालेजों की रेंकिग इस बार नई है। जबकि ओवरहाल और विश्वविद्यालयों की दो अलग-अलग श्रेणियां इस बार बनाई गई हैं। पिछली बार ये सब एक ही रेंकिग में समाहित थे।

जावड़ेकर ने कहा कि जेएनयू एवं जादवपुर विवि को देश विरोधी नारे लगाने के लिए यह सम्मान नहीं मिला है। बल्कि वहा हो रहे शोध और अच्छे शिक्षण कार्य ने इन विवि को यह मुकाम दिलाया है। रेंकिग में पांच क्षेत्रों में 20 पैरामीटरों को आधार बनाया गया है। जिसमें शोध पेटेंट छात्रों को मिलने वाले रोजगार आदि पैरामीटरों को भी शामिल किया गया है।

Author: JAN TV Editorial Team

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।