(DELHI, India)
प्रधान न्यायाधीश ने ये टिप्पणियां संसद द्वारा शीर्ष अदालतों में न्यायाधीशों की नियुक्ति की कालेजियम व्यवस्था खत्म करने वाले विधेयक पारित करने के एक दिन बाद की हैं। न्यायमूर्ति लोढा ने उच्चतम न्यायालय परिसर में तिरंगा झंडा फहराने के बाद कहा कि मैं आश्वस्त हूं कि न्यायपालिका, कार्यपालिका और संसद में लोग इतने परिपक्व हैं कि वे एक दूसरे के लिए आपसी सम्मान रखें और सुनिश्चित करें कि ये सभी (संस्थाएं) अपने क्षेत्रों में किसी बाहरी दबाव के बगैर काम कर पाएं।
Author: JAN TV Editorial Team
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।