(MAHARASHTRA, India)
अक्तूबर में होने वाले चुनाव को लेकर अजित से जब यह पूछा गया कि क्या दोनों पार्टियों का गठबंधन डेमोक्रेटिक फ्रंट (डीएफ) एक साथ चुनाव लड़ेगा, इस पर उन्होंने कहा कि इस मामले में चिंता वाली बात नहीं है। राकांपा नेता ने आज गणपति विसर्जन के दिन एक गणेश मंदिर में ‘आरती’ के बाद संवाददाताओं से अनौपचारिक बातचीत में बिल्कुल हल्के फुल्के अंदाज में कहा कि आज हम भगवान गणेश को विदा कर रहे हैं इसलिए आज हम सकारात्मक सोच से आगे बढ़ेंगे। दोनों ही कांग्रेस और राकांपा ने राज्य में दशकों से ज्यादा समय तक शासन किया है। दोनों पार्टियों में संतोषजनक सीट बंटवारे को लेकर अभी भी विवाद बना हुआ है। इस साल मई में हुए लोकसभा चुनाव में दोनों पार्टियों को जबर्दस्त हार का सामना करना पड़ा था। कुल 288 सीटों में राकांपा का 144 सीट की मांग रखना ही कांग्रेस के साथ बातचीत में अड़चन बनी हुई है जबकि कांग्रेस पिछली विधानसभा चुनाव के फार्मूले की तरह ही इस बार भी अपनी सहयोगी पार्टी को 114 सीट देने पर अड़ी है। राकांपा अध्यक्ष शरद पवार ने हाल ही में कहा था कि दोनों पार्टियों को राज्य के ‘व्यापक हित’ को देखते हुए साम्प्रदायिक ताकतों को सत्ता में आने से रोकने के लिए लचीला रुख अपनाना चाहिए।
Author: JAN TV Editorial Team
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