केंद्र सरकार नेताजी सुभाष चंद्र बोस के परिवार की 20 वर्षों तक जासूसी होने से जुड़ी रिपोर्टों की जांच का कोई इरादा नहीं रखती है.गृह राज्य मंत्री हरिभाई चैधरी ने मंगलवार को लोकसभा में बताया, ष्जासूसी की जांच करने का कोई प्रस्ताव नहीं है. हालांकि उन्होंने कहा कि नेताजी से संबंधित बहुत सी फाइलों को गोपनीय दस्तावेजों की सूची से हटा कर उन्हें राष्ट्रीय अभिलेखागार में भेज दिया गया है.हाल ही में इन रिपोर्टों पर काफी विवाद हुआ था कि जवाहर नेहरू सरकार के दौरान बीस साल तक नेता जी के परिवार को खुफिया निगरानी में रखा था.
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