गणपति जी के विसर्जन से पहले उनकी विधि-विधान पूर्वक पूजा करनी चाहिए। गणेश जी को लाल चन्दन, लाल पुष्प, दूर्वा, बेसन के लड्डू, पान, सुपारी, धूप-दीप आदि गणपति को अर्पित करें। परिवार के साथ गणपति की आरती करें। यदि संभव हो तो आप हवन भी कर सकते हैं।
यदि किसी कारणवश आप दिन में मूर्ति विसर्जन नहीं कर पा रहे हैं तो सूर्यास्त के बाद न करें| अगली सुबह शुभ चौघड़िया में करें। नदियों और तालाबों में मूर्ति और माला-फूल डालने से दोष लगता है इसलिए भगवान गणेश की मूर्ति का विसर्जन घर पर ही करना चाहिए। नदियाँ और तालाब गंदे होने पर प्रकृति को भी नुकसान होता है।
Author: JAN TV Editorial Team
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