प्रेतशिला पहाड़ी के नीचे ब्रह्मकुंड स्थित है। इसके पास ही रामकुंड मंदिर स्थित है। जिसका सम्बन्ध भगवन राम से जोड़ा जाता है। मान्यता है कि भगवन राम ने अपने पिता राजा दशरथ जी के लिए पिंडदान किया था। पहाड़ के ऊपर भगवन राम का मंदिर भी है जहां श्रद्धालुएँ पूजा-अर्चना करते है।
भूतों का पहाड़ कहे जाने वाले प्रेतशिला का कहानी और यहां होने वाला पिंडदान श्रद्धलुओं के लिए विशेष आकर्षक है। वहीं विष्णु मंदिर की घंटियों और पूजा-अर्चना का वातावरण गयाजी की धार्मिक पहचान को और खास बनाता है।
Author: JAN TV Editorial Team
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