(BIHAR, India)
मांझी ने मंगलवार को रात बेतिया में एक कार्यक्रम के दौरान सवर्णों (उच्च जाति के लोग) को विदेशी और उन्हें 'आर्यन का वंशज' तथा विदेश से आना वाला बताया। उन्होंने आदिवासियों और दलितों के मूलवासी होने का दावा करते हुए इन समुदाय के लोगों को स्वयं को शिक्षित करने तथा राजनीतिक रूप से जागरूकता लाने की आवश्यकता जताते हुए कहा कि दबे-कुचले वर्ग के लोग बिहार में सरकार बनाने में महत्वपूर्ण निभा सकते हैं। मांझी के इस बयान पर भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने उन पर बिहार में जातीय उन्माद फैलाने और एक खास वर्ग के प्रति पक्षपातपूर्ण रुख रखने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि यह पहला अवसर नहीं है जब मुख्यमंत्री ने उच्च जाति के लोगों पर निशाना साधा है।
Author: JAN TV Editorial Team
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