70 वर्षों बाद बना अद्भुत संयोग
इस वर्ष 70 सालों के बाद करवा चौथ के दिन अद्भुत संयोग बन रहा है। इस बार करवा चौथ के दिन रोहिणी नक्षत्र के मंगला का योग इस व्रत को मंगलकारी बना रहा है। रोहिणी का योग होने से मार्कण्डेय और सत्यभामा योग इस करवाचौथ पर बन रहा है। इस करवा चौथ जो सुहागिनें अपने पति के लिए व्रत रखेंगी, उनके लिए बहुत ही ज्यादा फलदायी होगा। ऐसा योग उस दौरान बना था जब श्रीकृष्ण और सत्यभामा का मिलन हुआ था जैसा इस करवाचौथ पर बन रहा है। ज्योतिषाचार्या शानू मेल्होत्रा के अनुसार करवा चौथ के इस खास मौके पर पूजा करने से पहले भजन और कीर्तन जरुर कर लेना चाहिए। ऐसा करने से वातावरण सकारात्मक रहती है और पूजन का भी संपूर्ण फल मिलता है।
करवाचौथ व्रत 2019 पूजा मुहूर्त का समय 5 :50 से 6 :58 तक होगा। इसकी अवधि 1 घंटे 8 मिनट की होगी।
करवा चौथ 2019 चंद्रोदय समय : 8:15
करवा चौथ व्रत पूजा विधि :
-करवा चौथ करने वाली महिलाओं को सुबह स्नान करके व्रत का संकल्प लेना चाहिए।
-करवा चौथ का व्रत बिना कुछ खाए पिए निर्जला रखना होता है।
-शाम के समय पार्वती जी की प्रतिमा जिसमें गणेश दी उनकी गोद में हो, उसे पूजा स्थल पर स्थापित करें।
-माता पार्वती को सुहाग की वस्तुएं अर्पित करें और उनका श्रृंगार करें।
-सुहागिन महिलाएं शाम में करवा चौथ व्रत कथा जरूर सुनें, इसके बिना व्रत अधूरा माना जाता है।
-शाम में चांद के दर्शन करे और उसे अर्घ्य दें और पति के हाथ से ही अन्न और जल ग्रहण करके व्रत खोलें।
-अब अंत में पति, सास, ससुर का आशिर्वाद जरूर लें।
Author: JAN TV Editorial Team
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