प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज कहा कि सतलुज, ब्यास और रावी नदियों के जल पर भारत का अधिकार है और इनके पानी को पाकिस्तान में बर्बाद होने से रोका जाएगा और वह सुनिश्चित करेंगे कि यहां के किसान उनका इस्तेमाल करें। प्रधानमंत्री ने यहां एक रैली को संबोधित करते हुए कहा, सिंधु जल समझौता- सतलुज, ब्यास, रावी-इन नदियों का जल भारत का और हमारे किसानों का है। इनका इस्तेमाल पाकिस्तान के खेतों में नहीं होता बल्कि पाकिस्तान के रास्ते समुद्र में चला जाता है। उन्होंने कहा, अब इनका एक-एक बूंद रोका जाएगा और मैं उन्हें पंजाब तथा जम्मू-कश्मीर एवं भारत के किसानों को ये पानी दूंगा। मैं इसके लिए कृत संकल्प हूं। उन्होंने कहा कि एक कार्यबल का गठन किया गया है ताकि सुनिश्चित किया जा सके कि सतलुज, ब्यास और रावी से बहने वाली हर एक बूंद पंजाब तथा जम्मू-कश्मीर पहुंचे। उन्होंने कहा, ऐसा कोई कारण नहीं है कि हम अपने अधिकारों का इस्तेमाल नहीं कर सकते (अपने पानी पर) और अपने किसानों को कठिनाई झेलने दें। उन्होंने कहा, आपके खेतों की सिंचाई की जरूरत को पूरा करने के लिए मुझे आपके आशीर्वाद की जरूरत है। प्रधानमंत्री ने विमुद्रीकरण पर कहा कि मुझे कालेधन और भ्रष्टाचार के कारण पीड़ित हो रहे गरीब और मध्य वर्ग के शोषण को रोकना ही था। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार और कालाधन देश को दीमक की तरह चाट रहा है। पीएम मोदी ने कहा कि मुश्किलों का सामना करने के बावजूद नोटबंदी का समर्थन कर रहे लोगों का मैं आभारी हूं। पीएम ने कहा कि जाली नोटों पर कदम उठाना समय की मांग है। हम भ्रष्टाचार समाप्त करने को लेकर प्रतिबद्ध हैं।
Author: JAN TV Editorial Team
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