यूपी में बाढ़ के बीच योगी सरकार का राहत अभियान तेज, 17,544 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया
(Lucknow, Lucknow) उत्तर प्रदेश में बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन और स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के साथ लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की व्यवस्था तेज कर दी है। उत्तर प्रदेश बाढ़ राहत आयुक्त कार्यालय के अनुसार, गुरुवार को प्रदेश के **26 जिलों में बाढ़ का असर** रहा और करीब **3.53 लाख लोग प्रभावित** हुए हैं।

प्रशासन की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, अब तक **17,544 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया** जा चुका है। वर्तमान में **4,847 लोग बाढ़ शरणालयों** में रह रहे हैं। प्रभावित आबादी के लिए प्रदेश में कुल **1,312 बाढ़ शरणालय** स्थापित किए गए हैं। राहत एवं बचाव तंत्र की सक्रियता के चलते अब तक किसी व्यक्ति या पशु की मृत्यु की सूचना नहीं है।

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत अभियान को गति देने के लिए **1,634 बाढ़ चौकियां** सक्रिय की गई हैं। इसके अलावा **1,697 नाव और मोटरबोट** राहत एवं बचाव कार्य में लगाई गई हैं।

स्वास्थ्य सेवाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए **1,068 मेडिकल टीमें** प्रभावित इलाकों में काम कर रही हैं। इन टीमों के माध्यम से जरूरतमंद लोगों तक प्राथमिक उपचार, दवाएं और अन्य आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासन की ओर से लगातार निगरानी भी की जा रही है।

राहत अभियान के तहत प्रभावित परिवारों तक खाद्यान्न और जरूरी सामग्री पहुंचाने का काम लगातार जारी है। अब तक **72,897 बाढ़ राहत खाद्यान्न किट** वितरित की जा चुकी हैं। इसके साथ ही **3,67,551 लंच पैकेट** भी लोगों तक पहुंचाए गए हैं।

बाढ़ से प्रभावित पशुओं के लिए भी प्रशासन की ओर से व्यवस्था की गई है। अब तक **5,000 क्विंटल से अधिक भूसा** वितरित किया जा चुका है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार बाढ़ से **45 हजार से अधिक पशु प्रभावित** हुए हैं, लेकिन अभी तक किसी पशु की मृत्यु की सूचना नहीं है।

बाढ़ के दौरान दूषित पानी से होने वाली बीमारियों की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की ओर से पानी की स्वच्छता पर भी जोर दिया जा रहा है। अब तक **5.52 लाख से अधिक क्लोरीन टैबलेट** वितरित की जा चुकी हैं। इसके अलावा प्रभावित लोगों के बीच **1.87 लाख से अधिक ORS पैकेट** भी बांटे गए हैं।

प्रशासन का प्रयास है कि राहत शिविरों और प्रभावित गांवों में रहने वाले लोगों को आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं समय पर उपलब्ध हों और संक्रमण संबंधी जोखिम को कम किया जा सके।

प्रदेश में बाढ़ से प्रभावित जिलों में **अमरोहा, अयोध्या, आजमगढ़, बदायूं, बलिया, बाराबंकी, बस्ती, चंदौली, फर्रुखाबाद, गाजीपुर, गोंडा, गोरखपुर, हरदोई, कासगंज, कानपुर, लखीमपुर खीरी, मिर्जापुर, मुरादाबाद, पीलीभीत, प्रयागराज, रायबरेली, रामपुर, संत कबीर नगर, शाहजहांपुर, उन्नाव और वाराणसी** शामिल हैं।

इन जिलों में प्रशासन को राहत एवं बचाव गतिविधियों के साथ प्रभावित परिवारों की जरूरतों पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने, भोजन उपलब्ध कराने और स्वास्थ्य सेवाओं को बनाए रखने के लिए विभिन्न विभागों की टीमें समन्वय के साथ काम कर रही हैं।

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