पीड़िता के वकील ने कहा मेरी बच्ची अगर बाहर जाती है तो मुङो डर लगता है कि कौन उसे किस नजरिए से देखेगा। समाज को सोच बदलने की जरूरत है। उन्होंने इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट द्वारा मामले में संज्ञान लेने पर संतोष जताया। दीपिका ने अपनी जान को खतरा बताया है। उन्होंने रविवार को कहा, मुझे नहीं पता कि कल मैं जीवित भी रहूंगी या नहीं। मेरे साथ दुष्कर्म हो सकता है मेरे सम्मान को तार-तार किया जा सकता है मेरी हत्या की जा सकती है।
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