WhatsApp का सरकार को जवाब फेक न्यूज और अफवाह रोकने के लिए उठा रहे हैं कदम
(DELHI, DELHI) व्हॉट्सएप ने बुधवार को कहा कि वह मोबाइल एप आधारित संवाद-सम्पर्क के अपने इस प्लेटफार्म पर अफवाहों के चलते कुछ जगह भीड़ की हिंसा की घटनाओं से आहत है। उसने सूचना प्रौद्योगिक मंत्रालय को इस मंच के दुरुपयोग पर अंकुश लगाने के लिए उठाए जा रहे कदमों की जानकारी दी है। ऐसा मानना है कि देश में हाल में हिंसक भीड़ द्वारा कुछ लोगों को संदेहवश पीटपीट कर जान से मारने की घटनाओं में व्हाट्सएप के गलत संदेशों के उकसावे की भूमिका रही।

सरकार ने व्हाट्सएप को मंगलवार को सख्ती से कहा था कि वह अपने मंच पर गैरजिम्मेदार तथा भड़काऊ संदेशों के प्रसार को रोकने के उपाय करे। सरकार ने कहा था कि कंपनी अपनी जवाबदेही से बच नहीं सकती है। व्हाट्सएप ने सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय से कहा कि फर्जी खबरें गलत सूचनाएं और अफवाहों तथा भय फैलने से रोकने के लिए सरकार समाज एवं प्रौद्योगिकी कंपनियों को साथ मिलकर काम करने की जरूरत है।


उसने कहा व्हाट्सएप को लोगों की सुरक्षा का ख्याल है इसीलिए हमने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एप बनाया है। कंपनी ने कहा कि वह दो सूत्रीय तरीका अपनाती है। इसमें एक लोगों को खुद को सुरक्षित रखने के लिए नियंत्रण की सुविधा और सूचनाएं दी जाती हैं और वह व्हाट्सऐप का दुरुपयोग रोकने के लिए सक्रियता से काम कर रही है। व्हाट्सएप ने मंत्रालय को भेजी प्रतिक्रिया में उन कदमों की जानकारी दी है जो फर्जी खबरों और गलत सूचनाओं के प्रसार को रोकने के लिए उठाये जा रहे हैं। इनमें उत्पाद नियंत्रण डिजिटल शिक्षा तथ्यों को परखने की पैरवी और दुरुपयोग रोकने के सक्रिय उपाय शामिल हैं।

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