न्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबिक, जावेद अहमद को शोपियां के कचदूरा गांव की एक मेडिकल की दुकान से अगवा किया गया। ऐसी भी खबर है कि आतंकी एक कार से आए थे और जावेद को जबरन बैठाकर ले गए। कचदूरा में इस साल एक एनकाउंटर में पांच आतंकी मारे गए थे।
औरंगजेब ईद मनाने घर पहुंचे थे: आतंकवादियों ने 14 जून को सेना के जवान औरंगजेब को कलमपोरा से अगवा किया गया था। उसके बाद उनकी हत्या कर दी थी। वे अपने गांव ईद मनाने के लिए गए थे। औरंगजेब की हत्या करने के पहले आतंकवादियों ने उनका एक वीडियो भी बनाया था। इसमें आतंकवादियों ने उनसे कई सवाल पूछे थे। वे 44 राष्ट्रीय राइफल के साथ शोपियां के शादीमर्ग में तैनात थे। आतंकी पहले भी छुट्टी पर आने वाले जवानों को निशाना बना चुके हैं। मई 2017 में सेना के लेफ्टिनेंट उमर फयाज की आतंकियों ने अगवा करने के बाद हत्या कर दी थी। 22 साल के उमर अपने रिश्तेदार की शादी समारोह में शामिल होने शोपियां पहुंचे थे। 2017 में शोपियां के ही टेरिटोरियल आर्मी जवान इरफान अहमद की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उन्हें भी घर से ही अगवा किया गया था।
Digital Desk: Administrator
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।