मराठा आंदोलन में एक और किसान ने की आत्महत्या और अब तक 10 से ज्यादा की मौत
(Mumbai, Mumbai) महाराष्ट्र में औरंगाबाद के चिलकलथाना क्षेत्र में 22 साल के एक मराठी युवक ने अपने घर में फांसी लगाकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने बताया कि उमेश यांदेत के पास मरने से पहले लिखा गया पत्र बरामद किया गया है जिसमें उसने लिखा है कि बीएससी उत्तीर्ण होने के बावजूद वह नौकरी पाने में असमर्थ था, इसलिए यह कदम उठा रहा है। इससे पहले उमेश मराठा आरक्षण को लेकर निकाले गये विभिन्न मोर्चो में शामिल था।

इसके साथ ही अब तक महाराष्ट्र में इस मुद्दे पर 10 से ज्यादा युवक कथित तौर पर आत्महत्या कर चुके हैं। गुरुवार को जैसे ही युवक के आत्महत्या करने की खबर आई मराठा आंदलोनकर्ता सड़क पर उतर आए और चिल्कलथाना क्षेत्र के नजदीक औरंगाबाद-जलना मार्ग को जाम कर दिया जिससे तनाव उत्पन्न हो गया। इसके बाद पुलिस दल मौके पर पहुंचा और स्थिति नियंत्रित की।

कलेक्टर ने आंदोलन के समक्ष एक पत्र पढ़ा और उन्हें आश्वस्त किया कि वह राज्य सरकार से मृतक के परिवार को 10 लाख रुपये सहायता राशि और नौकरी देने के लिए बात करेंगे। इस बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडनवीस ने गुरुवार को कहा कि उनकी सरकार कानून के अनुसार मराठों को आरक्षण उपलब्ध कराएगी। उन्होंने विभिन्न संगठनों के नेताओं के साथ बैठक भी की है।

Digital Desk: Administrator

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।