डीए और डीआर में वृद्धि से सरकारी खजाने पर सालाना 6,112.20 करोड़ रुपये का बोझ पड़ेगा। वित्त वर्ष 2018-19 के आठ महीनों (जुलाई 2018 से फरवरी 2019) के दौरान 4,074.80 करोड़ रुपये का बोझ पड़ेगा।
यह वृद्धि एक जुलाई 2018 से लागू होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आज हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में यह फैसला किया गया। बयान में कहा गया है कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने एक जुलाई 2018 से केंद्रीय कर्मचारियों को महंगाई भत्ते की अतिरिक्त किस्त और पेंशनभोगियों को अतिरिक्त राहत जारी करने की मंजूरी दे दी है। यह मूल वेतन-पेंशन पर मौजूदा सात प्रतिशत पर दो प्रतिशत की वृद्धि है।
इस बढ़ोतरी से 48.41 लाख केंद्र सरकार के कर्मचारियों तथा 62.03 लाख पेंशनभोगियों को फायदा होगा। बयान में कहा गया है कि यह वृद्धि स्वीकृत फॉर्मूला पर आधारित है जो सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों पर आधारित है।
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