गौरतलब है कि जुलाई महीने में सरकार ने एंटी टेरर बिल को संसद के दोनों सदनों से पारित करा कर कानून बनाया था। इस कानून के तहत आतंकी गतिविधियों में संलिप्त होने की आशंका के आधार पर किसी अकेले व्यक्ति को आतंकी घोषित किया जा सकता है।
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