राजस्थान में कर्फ्यू की अफवाह फैलने से गुटखे खरीदने के लिए कोरोना को भूले,  दुकानों पर गुटखा खरीदने वालों की भीड़ लगी
(India) राजस्थान में लॉकडाउन बढ़ने की अफवाह से कोरोना वायरस के सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां उड़ गई। कर्फ्यू की अफवाह फैलने से गुटखे खरीदने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। सरकार ने बुधवार को राज्य की सीमाओं पर आवाजाही में सख्ती करने का आदेश जारी किया था। इसके बाद सोशल मीडिया पर अफवाह उड़ गई कि राज्य में कर्फ्यू लगने वाला है। इसका असर ये हुआ कि गुटखा लेने वालों ने सोशल डिस्टेंसिंग भुलाकर दुकानों पर भीड़ लगा दी। दुकानदारों ने भी ब्लैकमार्केटिंग शुरू कर दी। कई जिलों में ये स्थिति देखी गई कि गुटखे का 130 रुपए का पैकेट 300 रुपए में और 215 रुपए पैकेट 450 रुपए में बिका। दोपहर तक आधे से ज्यादा दुकानदारों का स्टॉक खत्म हो गया और उन्होंने दुकानें बंद कर दीं। कर्फ्यू की अफवाह से वैसे तो सभी दुकानों पर भीड़ देखी गई, लेकिन गुटखा लेने वाले ज्यादा थे। शाम 4 बजे तक शहर की ज्यादातर दुकानों पर गुटखा खत्म हो गया। कई गांवों और तहसीलों में गुटखे की दुकानों पर इतनी भीड़ हो गई कि पुलिस को दुकानें बंद करवानी पड़ीं। रानोली तहसील के पलसाना, रैवासा, सांगरवा, गोरियां और कोछोर में गुटखे के पाउच डबल रेट में बेचे गए। लोग सोशल डिस्टेंसिंग भी भूल गए।

टिड्डी के अंडे देने का खतरा बढ़ा, ड्रोन से शुरू हुआ स्प्रे

टिड्डी लगातार बेकाबू होती जा रही है। बुधवार रात को पाकिस्तान की तरफ से बाड़मेर के रास्ते एक नया दल घुसने की रिपोर्ट आई। वहीं अब टिड्डी दल में गुलाबी के साथ पीले रंग की टिड्डी भी नजर आने लगी है यानी अब टिड्डी के अंडे देने का खतरा बढ़ गया है। बुधवार को प्रदेश के 10 जिलों अजमेर, जैसलमेर, बीकानेर, बाड़मेर, जोधपुर, बूंदी, जालौर और पाली में छोटे से बड़े टिड्डी दलों पर पेस्टिसाइड स्प्रे करके नियंत्रित करने का प्रयास किया गया। टिड्डी को काबू में करने के लिए बुधवार से बाड़मेर में 2 ड्रोन लगाए गए। ड्रोन से टिड्डी पर कुछ स्प्रे हुआ। गुरुवार को नागौर में भी ड्रोन आ जाएंगे। शुरुआती तौर पर पांच जिलों में ड्रोन का इस्तेमाल किया जा रहा है।

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