नेपाल में बाढ़ की वजह से बिहार में हाई अलर्ट जारी किया गया है। बगहा में अगले 2 से 3 घंटे के अंदर गंडक नदी में इसका असर दिखाई देने की आशंका है। इसे लेकर प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया है। वाल्मीकिनगर बराज की सुरक्षा बढ़ा दी गई है और अधिकारियों को अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को चेतावनी जारी की गई है। प्रशासन की ओर से गंडक बराज के सभी 36 फाटक खोल दिए गए हैं। नेपाल बॉर्डर पर लोगों की आवाजाही भी रोक दी गई है।
बगहा SP राकेश कुमार ने लेटर जारी कर कहा है कि नेपाल की त्रिशुल नदी में भूस्खलन हुआ है। इसके कारण बगहा में गंडक नदी के किनारे बसे गांवों में करीब 2 घंटे के भीतर बाढ़ आने की प्रबल संभावना है। सभी थानाध्यक्षों, पुलिस निरीक्षकों और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में आम लोगों को जान-माल की सुरक्षा के लिए लाउडस्पीकर के माध्यम से सूचना देने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी आपदा से निपटा जा सके।
वाल्मीकि नगर बॉर्डर पर भी आंशिक रूप से नाकेबंदी की गई है। बिहार के जो लोग नेपाल में फंसे हैं, उन्हें भारत आने दिया जा रहा है। वहीं नेपाल के जो लोग बिहार में फंसे हैं, उन्हें नेपाल जाने की अनुमति दी जा रही है। इसके अलावा अन्य लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है और बॉर्डर पर अनावश्यक आवाजाही पूरी तरह रोक दी गई है।
बिहार के मुख्यमंत्री ने कहा है कि स्थिति पर नजर रखने के लिए हाईलेवल टीम का गठन किया गया है। मुख्य सचिव और DGP लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं। जरूरत पड़ने पर मुख्यमंत्री खुद वाल्मीकि नगर का दौरा करेंगे।
मुजफ्फरपुर में SDM, BDO और CO ने मौके पर पहुंचकर बांध की स्थिति और आसपास के इलाकों का जायजा लिया। वाल्मीकिनगर में प्रशासन की ओर से माइकिंग कर लोगों को नदी से दूर रहने की अपील की जा रही है। पूर्णिया के अमौर, बायसी और बैसा प्रखंड में भी प्रशासन अलर्ट है और लोगों को माइकिंग के जरिए सतर्क किया जा रहा है।
गोपालगंज के 6 प्रखंडों की 62 पंचायतों के प्रभावित होने की आशंका है। जिला प्रशासन ने लोगों से सुरक्षित रहने और जरूरत पड़ने पर ऊंचे स्थानों पर जाने की अपील की है।
मौसम विभाग ने बिहार के 21 जिलों में बारिश की संभावना जताई है। अगले 48 घंटे में राज्य के कई जिलों में भारी बारिश और बिजली गिरने का अलर्ट भी जारी किया गया है। नेपाल के तराई इलाके में बारिश के कारण बिहार की नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है।
बेगूसराय में गंगा नदी भी उफान पर है। यहां गंगा खतरे के निशान से 83 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है और 50 हजार से अधिक की आबादी बाढ़ के पानी से घिरी हुई है। ऐसे में नेपाल से आने वाले पानी और बिहार में लगातार बारिश के कारण कई इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।
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