रामलिंगा राजू पर 14 साल का प्रतिबंध
(India)
सत्यम कंप्यूटर के संस्थापक बी रामलिंगा राजू व चार अन्य 14 साल तक शेयर बाजारों में कोई कारोबार नहीं कर सकेंगे। देश के सबसे बड़े कॉरपोरेट घोटाले में साढ़े पांच साल तक चली जांच को पूरा करने के बाद मंगलवार को बाजार नियामक सेबी ने इन सभी पर प्रतिबंध लगा दिया। उन्हें ब्याज समेत गैर-कानूनी तरीके से कमाए गए 1,849 करोड़ रुपये लौटाने को भी कहा गया। इसे 45 दिन के भीतर सेबी के पास जमा किया जाना है। राजू के साथ जिन अन्य लोगों पर रोक के निर्देश लागू होंगे, उनमें राजू का भाई बी रामा राजू (सत्यम का पूर्व एमडी), वी श्रीनिवास(पूर्व सीएफओ), जी रामकृष्ण (पूर्व वाइस प्रेसीडेंट) व वीएस प्रभाकर गुप्ता (आंतरिक ऑडिट के पूर्व प्रमुख) शामिल हैं। अपने 65 पेज के आदेश में सेबी ने कहा कि ब्याज सालाना 12 फीसद की दर से लिया जाएगा। इन पांच लोगों ने निजी हित के लिए योजनाबद्ध तरीके से घोटाले को अंजाम दिया। निवेशकों को इसमें भारी नुकसान हुआ। ऐसे घोटाले बाजार पर प्रतिकूल प्रभाव डालते हैं। इन्हें किसी भी तरह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सेबी के पूर्ण-कालिक सदस्य राजीव कुमार अग्रवाल ने अपने आदेश में कहा कि वे इस मामले में कठोर कार्रवाई के पक्षधर हैं, ताकि बाजार में सकारात्मक संदेश जाए। इन सभी लोगों को वास्तविक वित्तीय नतीजों की पूरी जानकारी रही, लेकिन भ्रामक व झूठे नतीजे निकाले जाते रहे।

Author: JAN TV Editorial Team

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