हालांकि रेलवे के जरिए कृषि उत्पादों का परिवहन कोई नई बात नहीं है, लेकिन चेरी जैसी जल्दी खराब होने वाली फसल को ट्रेन से भेजना खास इसलिए माना जा रहा है क्योंकि इसकी शेल्फ लाइफ बहुत कम होती है। ऐसे में तेज परिवहन से उत्पाद की गुणवत्ता बनी रहती है और बाजार तक समय पर पहुंच सुनिश्चित होती है।
इस पहल से कश्मीर के बागवानों और किसानों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। किसानों का कहना है कि अब उन्हें अपनी उपज के लिए बेहतर बाजार मिल सकेगा और उचित दाम प्राप्त करने में मदद मिलेगी।
किसानों ने इस कदम का स्वागत करते हुए कहा कि इससे उनकी आय बढ़ने के साथ-साथ बर्बादी भी कम होगी। वहीं विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की लॉजिस्टिक पहलें कृषि क्षेत्र को और अधिक मजबूत बनाएंगी।
कश्मीर से देश के बड़े बाजारों तक ताज़े फल और उत्पाद पहुंचाने में रेलवे की यह भूमिका भविष्य में किसानों के लिए नई संभावनाएं खोल सकती है।
Author: JAN TV Editorial Team
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