करीब 4.7 किलोमीटर लंबे इस पुल से भागलपुर और नवगछिया को जोड़ा जाता है। इस महीने की शुरुआत में पुल के एक हिस्से का कंक्रीट स्लैब नदी में गिर जाने के बाद यातायात पूरी तरह बाधित हो गया है। इससे स्थानीय लोग, छात्र और मजदूर सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं।
लोगों का कहना है कि नाव से यात्रा न केवल जोखिम भरी है, बल्कि इसमें समय भी ज्यादा लग रहा है और किराया भी प्रति यात्रा लगभग 100 रुपये तक पहुंच गया है, जिससे उनकी आर्थिक परेशानी बढ़ गई है।
यात्रियों और स्थानीय लोगों ने बताया कि भीड़भाड़ वाली नावों में सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं, जिससे दुर्घटना का खतरा बना रहता है। छात्रों को भी रोजाना कॉलेज आने-जाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रशासन की ओर से वैकल्पिक व्यवस्था की गई है, लेकिन पुल पर पूरी तरह से यातायात बहाल नहीं हो सका है। अधिकारियों का कहना है कि मरम्मत कार्य जारी है और जल्द स्थिति सामान्य होने की उम्मीद है।
Author: JAN TV Editorial Team
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