आत्मसमर्पण कार्यक्रम के दौरान झारखंड की डीजीपी Tadasha Mishra मौजूद रहीं। प्रतिबंधित Communist Party of India (Maoist) से जुड़े इन उग्रवादियों ने झारखंड पुलिस, झारखंड जगुआर और Central Reserve Police Force सहित विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के वरिष्ठ अधिकारियों के सामने हथियार डाले।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले कई माओवादी विभिन्न मामलों में वांछित थे। उन्होंने कहा कि वर्ष 2026 में अब तक 22 माओवादी मारे गए हैं, 44 गिरफ्तार किए गए हैं और 29 उग्रवादियों ने आत्मसमर्पण किया है।
डीजीपी मिश्रा ने कहा कि राज्य में उग्रवाद को पूरी तरह समाप्त करने के लिए सुरक्षा बलों का संयुक्त अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने यह भी बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले सभी माओवादियों का पुनर्वास किया जाएगा ताकि वे सामान्य जीवन जी सकें।
वहीं, CRPF के आईजी Saket Singh ने बाकी उग्रवादियों से हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में लौटने की अपील की।
Author: JAN TV Editorial Team
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