शुक्रवार शाम JPSC-JSSC रिफॉर्म मंच के 10 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल और झारखंड सरकार के बीच बैठक हुई। सरकार की ओर से छात्रों की मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने का भरोसा दिया गया, लेकिन मांगों पर ठोस सहमति नहीं बनने के कारण छात्रों ने आंदोलन जारी रखने का फैसला किया।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि रविवार तक उनकी मांगों पर समाधान नहीं निकला, तो 10 अगस्त को विधानसभा मार्च किया जाएगा।
छात्र 14वीं JPSC सिविल सेवा परीक्षा रद्द करने और कथित अनियमितताओं की CBI या राज्य से बाहर के हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की समिति से स्वतंत्र जांच कराने की मांग कर रहे हैं।
वहीं, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार ने कहा कि सरकार छात्रों की चिंताओं को लेकर संवेदनशील है और उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। प्रदर्शनकारी नेता देवेंद्र महतो के नेतृत्व वाले एक अन्य गुट ने भी सरकार से बातचीत के लिए आठ सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के नाम सौंपने की जानकारी दी है।
Digital Desk: Administrator
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।