पहले शहर के कई हिस्सों में ‘येलो’ और ‘रेड जोन’ के तहत कड़ी पाबंदियां लागू थीं, जिससे रोजमर्रा के कामों के लिए लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। अस्पताल जाना, दवा लेना, बच्चों का स्कूल पहुंचना और जरूरी सामान खरीदना भी चुनौती बन गया था।
स्थानीय पुजारियों और नागरिकों ने प्रशासन के इस कदम का स्वागत किया है। उनका कहना है कि बैरियर हटने से अब बीमारों को समय पर इलाज मिल सकेगा, बच्चों की पढ़ाई बाधित नहीं होगी और आम जनजीवन सुचारु रूप से चल पाएगा।
हालांकि, प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा के मद्देनजर शहर में सीसीटीवी कैमरों के जरिए निगरानी जारी रहेगी, ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था को रोका जा सके।
इस फैसले से व्यापारियों को भी राहत मिली है, क्योंकि अब ग्राहकों की आवाजाही बढ़ने की उम्मीद है, जिससे बाजारों में रौनक लौट सकती है।
Author: JAN TV Editorial Team
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