टेलिकॉम कमिशन ने आगामी ऑक्शन के लिए 3जी स्पेक्ट्रम के बेस प्राइस पर टेलिकॉम रेग्युलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (ट्राई) का सुझाव उसे ही वापस भेजने का फैसला किया है। यह टेलिकॉम मिनिस्ट्री और रेग्युलेटर के बीच खींचतान का एक और मामला है। टेलिकॉम डिपार्टमेंट (डीओटी) के एक इंटरनल पैनल का मानना है कि 3जी स्पेक्ट्रम का रिजर्व प्राइस ट्राई की ओर से सुझाए गए 2,720 करोड़ रुपये प्रति यूनिट से कहीं ज्यादा होना चाहिए। इसके आधार पर टेलिकॉम कमिशन ने दोबारा विचार के लिए इसे ट्राई के पास भेजने का फैसला किया। ट्राई को अब 15 दिनों में डीओटी को जवाब देना होगा। इससे पहले भी ट्राई और टेलिकॉम कमीशन के बीच तनातनी के मामले देखे जा चुके हैं।
Digital Desk: Kamal
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