गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम को स्कीम को लॉन्च हुए करीब 15 दिन हो गए हैं लेकिन जनता ने इसमें दिलचस्पी नहीं दिखाई है. अब तक इस स्कीम के तहत सिर्फ 400 ग्राम सोना ही जमा हो पाया है. इंडस्ट्री के एक प्रमुख सूत्र के मुताबिक, सोने की जांच के लिए सेंटर्स की कमी होना इस असफतला की एक मुख्य वजह है, जिसके लिए वित्त मंत्रालय से बात की गई हैं. इसके अलावा बैंकों में कागजी कार्रवाई का ज्यादा झंझट भी स्कीम को अच्छा रिस्पॉन्स न मिलने की एक वजह के रूप में सामने आ रही है. केन्द्र सरकार की इस योजना का मकसद देश में बिना उपयोग के पड़े करीब 52 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के 20 हजार टन सोने को बाजार में लाना था.
Digital Desk: Kamal
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