अरब और उत्तर अफ्रीकी देशों के अधिकतर युवा आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट को नापसंद करते हैं। युवाओं का एक बहुत बड़ा वर्ग मानता है कि आईएस कभी भी अपने मंसूबों में कामयाब नहीं होगा। मध्य पूर्व की सर्वेक्षण फर्म एएसडीए बुरसोन मार्सटेलेर ने यह सर्वे करवाया है। सर्वे में 77 फीसदी युवाओं ने कहा कि वो आईएस की हरकतों पर बहुत चिंतित हैं। जबकि 78 फीसदी ने माना कि वो किसी भी कीमत पर आईएस का साथ नहीं देंगे। उन्हें लगता है कि आईएस की हरकतों से दुनिया में इस्लाम की गलत छवि बन रही है। सर्वे के अनुसार अरब के युवा न केवल आईएस की खूंखार वारदातों के खिलाफ हैं बल्कि उसकी बुनियादी सोच के भी खिलाफ हैं। युवाओं का कहना था कि आईएस बेरोजगारी और अशिक्षा का फायदा उठा रहा है। उनका कहना है कि आईएस ने ऐसे युवाओं को अपनी ब्रिगेड में शामिल किया है जिनके पास न पैसा था, ना नौकरी।
Author: JAN TV Editorial Team
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