विधि आयोग की मानी गई तो निर्दलीय अब चुनाव नहीं लड़ सकेंगे। दो सीटों से चुनाव लड़ना भी संभव नहीं होगा। चुनाव सुधार की अपनी लंबी चैड़ी सिफारिश में विधि आयोग ने चुनाव खर्च और राजनीतिक दलों पर लगाम कसने के भी कुछ इंतजाम बताए हैं। विधि आयोग ने गुरूवार को चुनाव सुधार पर अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपी। रिपोर्ट में आयोग ने निर्दलीय उम्मीदवार के चुनाव लड़ने पर रोक लगाने की सिफारिश की है। कहा है कि निर्दलीय उम्मीदवार ज्यादातर या तो डमी उम्मीदवार होते हैं या फिर गंभीर उम्मीदवार नहीं होते हैं। कुछ निर्दलीय तो अन्य उम्मीदवार के समान नाम होने के कारण मतदाताओं में भ्रम पैदा करने के लिए चुनाव में खड़े हो जाते हैं। आयोग ने कहा है कि जनप्रतिनिधित्व कानून की धारा चार और पांच में संशोधन किया जाए और सिर्फ पंजीकृत राजनीतिक दल को ही लोकसभा और विधानसभा चुनाव लड़ने की इजाजत दी जाए। इसके अलावा किसी भी प्रत्याशी को सिर्फ एक ही सीट से चुनाव लड़ने की इजाजत दी जाए। विधि आयोग ने लोकसभा, विधानसभा और स्थानीय निकायों के चुनाव में एक ही मतदाता सूची इस्तेमाल करने के चुनाव आयोग के सुझाव का भी समर्थन किया है। -
Author: JAN TV Editorial Team
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