दिल्ली हाई कोर्ट ने कथित तौर पर जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल करने पर आम आदमी पार्टी का पंजीकरण रद्द करने की मांग वाली याचिका गुरुवार को खारिज कर दी. अदालत ने कहा कि राजनीतिक दल एक क्लब की तरह होता हैश् और इस संबंध में कानून स्पष्ट है कि अदालतें उसके अंदरूनी प्रबंधन (इंडोर मैनेजमेंट) में हस्तक्षेप नहीं करेंगी. मुख्य न्यायाधीश जी रोहिणी और न्यायमूर्ति आर एस एंडलॉ की पीठ ने कहा, हमें इस याचिका में कोई दम नहीं लगा और बल्कि हमने पाया कि इसे पूरी तरह से गलत समझा गया है. इस मामले को खारिज किया जाता है मामले को खारिज करते हुए अदालत ने याची पर पांच हजार रूपये का जुर्माना लगाया जो उसे आज से तीन महीने के भीतर दिल्ली राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण में जमा कराना होगा.
Author: JAN TV Editorial Team
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