केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने शनिवार को भारत-म्यांमार सीमा पर हाल के घटनाक्रमों को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इस मुद्दे के प्रभावी ढंग से हल के लिए एक समिति का गठन किया है। पूर्वोत्तर राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक को संबोधित करते हुए राजनाथ ने कहा कि सुरक्षा विशेषज्ञ आरएन रवि की अध्यक्षता में इस स्थिति की पहले ही समीक्षा की जा चुकी है और जल्द ही यह समिति अपनी रिपोर्ट देगी। हम इस रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई करेंगे। सिंह ने कहा, हमें सीमा की आबादी को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। भारत-म्यांमार सीमा के 10 किलोमीटर के दायरे में 240 गांवों में दो लाख से अधिक आबादी रहती है।ष् उन्होंने कहा कि इस घनी आबादी को कोई सुरक्षा प्राप्त नहीं है। वे उग्रवादियों की दया पर आश्रित हैं। यहां सीमा पार से हथियार और मादक पदार्थ लाए जा रहे हैं। हमने इस इलाके में विकास के लिए सीमाई क्षेत्र विकास कार्यक्रम के तहत इस क्षेत्र का हिस्सा 30 से बढ़ाकर 40 प्रतिशत कर दिया है। इसी तरह की स्थिति भारत-भूटान सीमा की भी है। राजनाथ ने क्षेत्र को हथियार मुक्त करने की जरूरत बताई।
Author: JAN TV Editorial Team
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