चीन की ओर से लगातार हो रहे सीमा के उल्लंघन और वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के नजदीक अपनी सैन्य ताकत बढ़ाए जाने से भारत चैकन्ना हो गया है। किसी भी स्थिति से निपटने के लिए भारत ने भी अपनी ताकत बढ़ाने और आधुनिक हथियारों की तैनाती का सिलसिला तेज कर दिया है। इसके तहत मोदी सरकार देश के पूर्वोत्तर इलाके में जमीन से हवा में मार करने वाली छह आकाश मिसाइलें तैनात की जा रही हैं। इस बीच, सीमा से सटे इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए गृह राज्य मंत्री किरण रिजिजू शनिवार को लद्दाख का दौरा करेंगे। आकाश मिसाइल के जरिए भारत चीन के लड़ाकू विमानों, हेलिकॉप्टर और ड्रोन से होने वाले हमलों का जवाब दे सकता है। इससे पहले भारतीय वायुसेना ने तेजपुर और चबुआ में सुखोई-30एमकेआई लड़ाकू विमान तैनात किए थे। चीन से सटी 4,057 किलोमीटर लंबी सीमा पर चीन की हरकतों से निपटने के लिए भारत अपनी सैन्य ताकत बढ़ाने की योजना पर अमल कर रहा है। सुखोई विमान और आकाश मिसाइल की तैनाती उसी योजना का हिस्सा है।
Author: JAN TV Editorial Team
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।