देश नहीं छोड़ पाएंगे सुब्रत, 23 जनवरी तक पेश करना होगा हलफनामा
सहारा प्रमुख सुब्रत राय फिलहाल देश नहीं छोड पाएंगे। उच्चतम न्यायालय नेे विदेश जाने की अनुमति संबंधी उनके अनुरोध पर गुरूवार को कोई विचार नहीं किया। उल्टे निवेशकों का 22 हजार करोड़ रूपये लौटा देने के उनके दावे के समर्थन में यह बताने का आदेश दिया कि वह यह रकम कहां से लौटाएगा। अदालत ने सहारा प्रमुख को चेतावनी दी कि यदि वह निवेशकों को लौटाई गई राशि का स्रोत नहीं बताएंगे तो वह केंद्रीय जांच ब्यूरो से पूरे मामले की जांच कराएगी। न्यायमूर्ति केएस राधाकृष्णन और न्यायमूर्ति जेएस केहर की खंडपीठ ने कहा कि उसने सहारा को बहुत समय दिया है। लेकिन पिछले करीब दो साल में कंपनी ने कभी सही तथ्य उपलब्ध नहीं कराए। यदि कंपनी निवेशकों का पैसा लौटाने के दावे के समर्थन में उचित स्रोत नहीं बताती है तो सीबीआई और कंपनी रजिस्ट्रार को जांच के लिए तलब किया जाएगा।न्यायालय ने सहारा समूह को हलफनामा दायर करके स्रोत के खुलासे के लिए 23 जनवरी तक का समय दिया और मामले की अगली सुनवाई केलिए 28 जनवरी की तारीख मुकर्रर की। न्यायालय ने कहा कि यदि सहारा प्रमुख स्रोत के खुलासे में नाकाम रहते हैं तो उन्हें व्यक्तिगत से अदालत में तलब भी किया जा सकता है।
Author: JAN TV Editorial Team
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